शुक्रवार, 2 जुलाई 2010

इतना भीग जाने से
हमेशा बचना
की सुखा न सको,
 अपने वसन ,
क्योंकि मौसम हमेशा
एक जैसा नहीं
रहता
और
 साबुत नहीं रहते
हमेशा दर्पण .
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